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कनीय अभियंता के दुर्व्यवहार से आम जनता त्रस्त,आये दिन लोगों से होती रहती है बकझक

 

सांकेतिक फोटो।

*विजली विभाग के कर्मियों द्वारा नही उठाया जाता है ग्रामीणों का फोन*


पावर सब स्टेशन अगिआँव भोजपुर के कर्मियों की लापरवाही के कारण कभी भी हो सकती है बडी हादसा।नही उठाया जाता है कर्मियों द्वारा ग्रामीणों का फोन।ग्रामीणों का कहना है कि लाइन डिस्टर्ब होने पर या कहीं तार टुट कर गिर जाने के बाद या घर मे शाॅट सक्रिट से आग लगने पर जब जेई या अन्य कर्मियों को फोन किया जाता है तो कर्मियों द्वारा फोन नही उठाया जाता है जिससे बडी दुर्घटना होने की आशंका बनी रहती है।कभी कभार कनीय अभियंता हिमांशु जी द्वारा फोन उठा भी लिया जाता है तो अपने पद का धौंस दिखाते हुए ग्रामीणों को बिजली कनेक्शन काटने की धमकी देने लगते हैं।अक्सर ग्रामीणों के साथ जेई से बकझक होना आम बात हो गई है।एक वायरल ऑडियो मे जेई की बौखलाहट साफ झलक रही है।जेई की इस बौखलाहट और हरकतों के आदि हो चुके हैं ग्रामीण।बेचारे ग्रामीण आखिर अपनी शिकायतों को किसके समक्ष रखे कोई पदाधिकारी सुनने समझने को तैयार नही।कुछ ऐसा ही मामला शुक्रवार को अहिले गाँव निवासी व जन अखबार के भोजपुर ब्यूरो श्रीराम सिंह के साथ घटित होने का प्रकाश मे आया है।श्री सिंह द्वारा जब विजली कटने की शिकायत को लेकर पावर सब स्टेशन अगिआँव जेई हिमांशु जी को फोन किया गया तो जेई द्वारा दुर्व्यवहारता से पेश आ गया।जेई ने खबर निकालने व बिजली बिल भुगतान नही करने का हवाला देते हुए उनके घर का बिजली कनेक्शन काट दिया।शनिवार को श्री सिंह द्वारा बिजली बिल का भुगतान और री कनेक्शन का रसीद कटवाकर घर का कनेक्शन जोडने के लिये जेई को फोन किया गया तो जेई बौखलाहट मे दुर्ब्यवहारिता पर उतर आये और अण्ड बण्ड बकने लगे।इनकी मानसिकता  व कार्यो के प्रति लापरवाही की चर्चा पुरे प्रखण्ड मे होती रहती है।विभाग के वरिय अधिकारी भी जनता की समस्याओं को न सुनकर अपने ही अधिकारी के सुनते है।ऐसे मे घटनाओं के शिकार प्रखण्ड की जनता होती रही है। विभाग की लापरवाही के कारण जनता से लेकर पशु भी बिजली के चपेट मे आते रहते हैं। कोई मरे इससे इन लोगों पर कोई फर्क नही पडता।ए अपनी मनमानी करने से बाज नही आते।विभाग के उपरी अधिकारी फिर भी नही ध्यान दे रहे हैं तो प्रखण्ड क्षेत्र मे बडी घटनाओं को घटने से रोका नही जा सकता।ऐसे कर्मियों के प्रति कारवाई करते हुए सिस्टम मे सुधार लाने की जरूरत है जिससे घटना होने से बचा जा सके।


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